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मुख्‍य पृष्‍ठ अंतरराष्ट्रीय सहयोग बाह्य सहायता प्राप्त परियोजनाएं एशियाई विकास बैंक

एशियाई विकास बैंक

एशियाई विकास बैंक सहायता प्राप्‍त परियोजनाएं:

नोडल खंड:  विदेशी सहायता खंड

एशियाई विकास बैंक द्वारा सहायता प्राप्‍त चल रही परियोनाओं की संक्षिप्‍त स्‍थिति निम्‍न प्रकार है:

1. ओडिशा समेकित सिंचाई कृषि और जल प्रबंधन निवेश कार्यक्रम (2444-आईएनडी)

नोडल विभाग: जल संसाधन विभाग

उद्देश्‍य: इस परियोजना के उद्देश्‍य हैं: (i) चार उत्‍तरी नदी बेसिन (ब्राह्मणी, बैतरणी, सुवर्णरेखा और बरहाबलंगा) और ओडिशा में महानदी नदी डेल्‍टा स्‍टेज एक के भाग में चयनित सिंचाई उप परियोनाओं में विद्यमान वृहत और मझौली सिंचाई प्रणाली की उत्‍पादकता, जल उपयोग क्षमता और धारणीयता को बढ़ाना,(ii) जल प्रयोगकर्ता संध (डब्‍लूयूए) सशक्‍तिकरण, सिंचाई और संबंधित अवसंरचना का नवीकरण और विस्‍तार; क्षेत्र चैनल, कृषि और संबंधित सहायक सेवाएं और साथ ही गरीब लोगों की आजीविका संवर्धन तथा डब्‍लूयूए को परिचालन और अनुरक्षण का प्रगतिगामी अंतरण,(iii) संगत संस्‍थाओं के प्रबंधन सुधार और क्षमता वर्धन के साथ भागीदारी सिंचाई प्रबंधन (पीआईएम) के लिए संस्‍थागत आधार को मजबूत करना।

इस परियोजना को 4 खाइंयों में लागू किया जाएगा और 224050 हेक्‍टेयर के कुल निवल सिंचित क्षेत्र में से ट्रेंच-1 में निवल सिंचित क्षेत्र 82240 हेक्‍टेयर है। इस परियोजना के चरण-1 की कुल लागत 66.40 मिलियन अमेरिकी डॉलर है जिसमें से 16.50 मिलियन अमेरिकी डॉलर एडीबी ऋण है और 30.0 मिलियन अमेरिकी डॉलर अंतरराष्‍ट्रीय विकास ऋण (ओएफआईडी) के लिए ओपेक निधि है।

2. धारणीय तटीय सुरक्षा और प्रबंधन निवेश कार्यक्रम परियोजना -1 (2679 आईएनडी)

नोडल विभाग: कर्नाटक लोक निर्माण, पत्‍तन और अंतर्देशीय जल परिवहन विभाग और महाराष्‍ट्र समुद्री बोर्ड

उद्देश्‍य: इस परियोजना में पर्यावरण और सामाजिक रूप से उपयुक्‍त समाधान का उपयोग कर तत्‍काल तटीय सुरक्षा आवश्‍यकताओं को पूरा करने और तटीय अस्‍थिरता को दूर करना है जिसका फोकस कर्नाटक और महाराष्‍ट्र के दो केन्‍द्र राज्‍यों में उदार पर्यावरणीय विकल्‍प पर ध्‍यान केन्‍द्रित करना है। तटीय सुरक्षा और प्रबंधन में निजी क्षेत्र और समुदायों की भागीदारी को बढ़ाने के लिए धारणीय तटीय सुरक्षा और प्रबंधन और सहायक पहल की दीर्घकालिक आवश्‍यकताओं को पूरा करने के लिए भी यह विकासशील संस्‍थागत क्षमता है।

चरण-1 परियोजना का अनुमानित लागत 62.70 मिलियन अमेरिकी डॉलर है जिसमें से 51.56 मिलियन अमेरिकी डॉलर का वित्‍तपोषण एडीबी द्वारा ऋण सहायता के रूप में किया जाएगा। इस परियोजना को 2011 में शुरू किया गया था और इसके बंद होने की तिथि जून, 2017 है। दिनांक 31.03.2015 तक 11.13 मिलियन अमेरिकी डॉलर का संचयी संवितरण किया गया है।

3. असम समेकित बाढ़ और नदी तट अपरदन प्रबंधन निवेश कार्यक्रम परियोजना 1 (2684-आईएनडी)

नोडल विभाग: बाढ़ और नदी तट अपरदन प्रबंधन एजेंसी, असम

उद्देश्‍य: इस परियोजना का लक्ष्‍य असम राज्‍य में ब्रह्मपुत्र नदी के साथ बाढ़ प्रवण क्षेत्रों में धारणीय और समावेशी आर्थिक विकास को बढ़ावा देना है । तीन उप परियोजना स्‍थल नामत: डिब्रूगढ़ (जिला), काजीरंगा (गोलाघाट जिला) और पलाशबाड़ी एवं गुमी (कामरूप जिला) को उनकी उत्‍पादकता और रणनीतिक महत्‍व के आधार पर चयन किया गया है। इन स्‍थलों को बाढ़ और नदी अपरदन क्षति को कम करने तथा शहरी उद्योगों, सेवाओं ओर उत्‍पादक कृषि में निवेश को बढ़ावा देने के लिये लक्षित किया जाएगा। आशान्‍वित परिणाम यह है कि बाढ़ और नदी तट अपरदन जोखिम प्रबंधन प्रणाली मजबूत रूप से संवर्धित दृढ़ता और प्रभाविता हो । इस परियोजना से चार चयनित क्षेत्रों के लगभग एक मिलियन वाली जनसंख्‍या वाले 1,10,00 हेक्‍टेयर भूमि को लाभ होगा।

इस परियोजना को मई, 2011 में शुरू किया गया था और इसके बंद होने की तिथि जुलाई, 2016 है। कुल परियोजना लागत120 मिलियन अमेरिकी डॉलर है। परियोजना 1 के लिए कुल ऋण सहायता 49.90 मिलियन डॉलर में से 20.76 मिलियन अमेरिकी डॉलर का संवितरण दिनांक 31.03.2015 तक कर दिया गया है।